फिल्मी गीतकारों एवं कलाकारों ने गीतों व नृत्यों से समा बांधा

मंगलवार की शाम अभिजीत भट्टाचार्य के नाम
मण्डफिया (सांवलियाजी) . प्रसिद्ध कृष्णधाम सांवरियाजी में मंगलवार की शाम बाॅलीवुड सिंगर, बाॅलीवुड के अनेकों अभिनेताओं को अपनी आवाज़ देने वाले मुम्बई से आए अभिजीत भट्टाचार्य के नाम लिखी गई। अभिजीत ने अपने व कई फिल्मी संगीतकारों के आम लोगों की जिह्वा पर डेढ़ दर्जन गीतों की यादगार प्रस्तुति दी। मण्डफिया ग्राम में स्थित रेफरल चिकित्सालय परिसर पर बने मंच पर अभिजीत कोई दो घण्टों तक गाते रहे, थिरकते रहे और श्रोताओं को झूमाते रहे।
ढ़ाई दशक पूर्व अपने गीतों की सफलता का राज बताते हुए व्यक्त किया कि उन्होंने जो कुछ सीखा वह किशोर दा के गीतों और शैली की देन है। उन्होंने किशोर दा के गीत ‘‘मुसाफिर हूं यारों ना घर है ना ठिकाना और रहने दो, छोड़ो भी, जाने भी दो यार, हम ना करेंगे प्यार- गाीतों से समूचे परिसर को मस्ती से सराबोर कर दिया। उनकी गीतों में कालेज के विद्यार्थी काल से आज तक के सबसे दमदार गीत ‘‘ ओ मांझी रे अपना किनारा नदिया की धारा है ’’ प्रस्तुत किया। इसके साथ ही अभिजीत ने इण्डियन आईडियल फेम की जाॅली दासगुप्ता के साथ उनके चहेते गीत ‘‘ तु दिल की धड़कन में रहते हो, रहते हो, मेरी सांसों मे रहती हो’’ युगल गीत से श्रोताओं को भाव विभोर कर दिया।
इससे पूर्व अभिजीत भट्टाचार्य के साथ प्लेबेक सिंगर जाली दासगुप्ता ने झूमते हुए गीतों की प्रस्तुतियां दी। इस सांस्कृतिक संध्या में सा रे गा मा पा सिंगर तथा देश और विदेश में अपनी प्रस्तुति देते रहने वाले कोलकत्ता से आये अखिलेश तथा ‘इण्डियाज गोट टेलेण्ट के स्टार ने अपनी प्रस्तुतियों से दर्शकों को खूब गुदगुदाया। जयपुर से आई कई फिल्मी हस्तियों के साथ काम कर रही अंजलि वाधवानी ने समारोह का संचालन किया और अपनी प्रस्तुतियां भी दी।
मंच पर आरकेस्ट्रा, कोगों, गिटार, इलेक्ट्रिक गिटार, ढ़ोलक और की बोर्ड पर मुम्बई से आये रमेश एण्ड बैण्ड के साजिन्दे थे। इसके अतिरिक्त सरगम बैण्ड के अभिजीत के साजिन्दों में गिटार पर दीपक सिंह और श्याम कुमार दुग्गल, की-बोर्ड पर गणेश मिश्र और बाबू लहरी, तुम्बा ढ़ोलक पर नीरज, ड्रम पर दिनेश कुमार और आक्टोपेड पर अमित कुमार गायक अभिजीत भट्टाचार्य की संगत कर रहे थे।
इस अवसर पर राजस्थान के सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता (समाज कल्याण) मंत्री अरूण चतुर्वेदी ने सरस्वती की तस्वीर पर दीप प्रज्वलन कर सांस्कृतिक संध्या का शुभारंभ किया। श्री चतुर्वेदी ने इस अवसर पर कहा कि अच्छी बरसात के कारण प्रदेश और देश में माहोल खुशनुमा है। सांवलियाजी में भक्त अपने कष्ट लेकर सांवलियाजी की शरण में आता है और उन्हें यहीं छोड़ कर जीवन में आगे बढ़ने का व्रत ग्रहण करता है, जीवन में आगे बढ़ता है। हम कोशिश करें देश में भारतीय संस्कृति और संस्कार की बहार छाये और इसके सहारे भारत फिर दुनियां में नाम कमाए।
उनके साथ कपासन के विधायक अर्जुन लाल जीनगर, जिला पुलिस अधीक्षक प्रसन्न कुमार खमेसरा, मंदिर मण्डल के अध्यक्ष सत्यनारायण शर्मा सहित सदस्य गण, अतिरिक्त जिला कलेक्टर व मुख्य कार्यपालक अधिकारी सुरेश चन्द्र आदि उपस्थित थे।
मंदिर मण्डल की ओर से अतिथियों को उपर्णा ओढ़ा कर एवं सांवलियाजी की प्रतिमा भेंट कर स्वागत किया गया।

मुख्य मंदिर के सामने वाला मंच
बाॅलीवुड और राजस्थानी संस्कृति की आवाज व धमाल
फिल्मी पाश्र्व गायन एवं भजन गायिका के रूप में प्रसिद्ध कविता पोडवाल की सुमधुर एवं पुरकशिश आवाज ने मंगलवार देर रात तक श्रोताओं को झूमने पर मजबूर कर दिया। लगभग डेढ़ दशक से अपनी गायकी का जादू बिखेरने वाली पोडवाल अब तक 40 से अधिक एलबम एवं तीन दर्जन से अधिक फिल्मों में अपनी आवाज दे चुकी है। उन्होंने ‘‘तू ने मुझे बुलाया शेरां वाली, कीर्तन की है रात बाबा, मीठे रस से भरी राधा-रानी लागे’’ जैसे लोकप्रिय भजनों की प्रस्तुति से भक्त ों के मन मयूर हो उठे।
हास्य कलाकार अंकित सिसोदिया ने पांच मिनिट में पचास बाॅलीवुड कलाकारों की आवाज निकालने का जादू भरा प्रदर्शन कर दर्शकों को लुभाया। इस कारनामें के लिए वे गिनिज वर्ड बुक में भी दर्ज हैं। उन्होंने कई अन्य प्रस्तुतियों से दर्शकों को गुदगुदाया। जोधपुर से आए अरूण चैहान ने भी दर्शकों का खूब मनोरंजन किया। टी वी सिरियल ‘सिया के राम’ तथा ‘बेटा भाग्य से बिटिया सौभाग्य से’ में मुख्य भूमिका निभा रही खूशबू शर्मा की अदाकारी एवं नृत्य से दर्शक अभिभूत हो गए।
इसी मंच पर बाॅलीवुड के साथ साथ राजस्थानी संस्कृति और सभ्यता के रस को बिखेरती कई प्रस्तुतियां सर्वोदय डांस ग्रुप जयपुर द्वारा दी गई। इस ग्रुप ने कच्छी घोड़ी, फाग, घूमर जैसे राजस्थानी नृत्यों की लाजवाब प्रस्तुतियों से दर्शकों को अन्त तक बांधे रखा।  सांवलिया सेठ के दरबार में उनकी विशिष्टता, उनकी कृपा को समर्पित करते भजनों को सुनकर मेवाड़-मालवांचल के श्रद्धालु मन मगन हो कर नाच उठे। मंगलवार रात को गोवर्धन बस स्टेण्ड मंच पर समृद्धि फिल्मस द्वारा आयोजित कार्यक्रम में सांवरिया सेठ की शान में प्रस्तुत गीतों एवं भजनों में स्थानीय रंग एवं खूशबू का जायका लोगों को आनन्दित कर गया।  कोटा से आये रोहित शर्मा ने राम भजन प्रस्तुत कर लोगों का दिल जीत लिया। आर बी एन डांस ग्रुप भोपाल के नर्तकों द्वारा भरपूर ऊर्जा एवं अपूर्व सांमजस्य के साथ कई नृत्यों की भावपूर्ण प्रस्तुतियां दी गई। इसी मंच पर ‘‘के फोर किशोर’’ के विजेता सुनील शुक्रवारे के गीतों पर लोग खूब झूमें।  कार्यक्रम का संचालन हिमांशु और तासू ने किया। कार्यक्रम का प्रारंभ आर बी एन ग्रुप के द्वारा प्रस्तुत गणेश वन्दना गीत एवं नृत्य से हुआ। मंदिर मंडल के सदस्य भैरूलाल गाडरी, भैरूलाल सोनी, गेहरी लाल गूजर और विजय सिंह व कंवर लाल ने दीप प्रज्वलन कर कार्यक्रम को प्रारंभ किया।

राम लीला और रासलीलाओं ने भिगोया ग्रामीणों को
जलझूलनी का मेला यू ंतो तीन दिन तक भरता है और उसमें होने वाले भजन एवं सांस्कृतिक प्रस्तुतियों का श्रद्धालु भरपूर आनन्द लेते हैं पर पिछले एक पखवाड़े से जारी रामलीला और रासलीलाओं के सहारे मिलने वाले पारम्परिक मजे की बात कुछ ओर ही है। गणेश नाट्य कला मण्डल, नागौर के रामलीला दल ने 1 सितम्बर से 7 सितम्बर तक गोवर्धन बस स्टेण्ड पर तथा कनक सुर धारा द्वारा दिनांक 8 से 14 सितम्बर तक रासलीलाओं की प्रस्तुतियां दी जिनमें बड़ी संख्या में ग्रामीणों ने हिस्सा लिया।


correspondent

DesertTimes.in

DesertTimes.in

%d bloggers like this: